स्वस्थ रहने के लिए अपनाएं नियम और संयम – राष्ट्र संत ललित प्रभ जी

वीरधरा न्यूज़। चित्तौड़गढ़@ डेस्क।
राणकपुर मार्बल पहुंचने पर संतों का किया गया स्वागत
चित्तौड़गढ़ 21 दिसंबर। राष्ट्र संत ललित प्रभ जी ने कहा कि स्वस्थ रहने के लिए जीवन में नियम और संयम को अपनाएं।
जो संयम से जीता है वह सदा आगे बढ़ता है क्योंकि हर बड़ी कंपनी के नाम के अंत में लिमिटेड लिखा होता है। उन्होंने कहा कि अगर हम अधिक भोजन, भारी भोजन, जंक फूड और फास्ट फूड का लगातार सेवन करेंगे तो हमारे आंतों की झिल्ली में छेद होने शुरू हो जाएंगे जिससे हमारा ब्लड जहरीला होगा और परिणाम हमारी रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर हो जाएगी। उन्होंने कहा कि स्वस्थ रहने का सार मंत्र है: अन्न को लो आधा, सब्जी और फल को लो दुगुना, पानी पियो तिगुना और हंसी को करो चौगुना।
संत प्रवर चित्तौड़गढ़ के रणकपुर मार्बल में आयोजित धर्मसभा में भाई बहनों को संबोधित कर रहे थे उन्होंने कहा कि स्वस्थ जीवन का मालिक बनने के लिए बैठकर भोजन पानी लें, खाना चबा चबा कर खाएं, बार-बार खाने की आदत बंद करें, बाजार की चीजों से परहेज रखें, फल और सब्जियां धोकर के काम लें, नशा और मांसाहार का त्याग करें, खाने पीने की चीजों को पॉलीथिन में न रखें, खाली पेट चाय न पिएं, ज्यादा ठंडा और ज्यादा गर्म पेय न लें, डेरी प्रोडक्ट मर्यादा में खाएं, रोज पांच तुलसी या नीम के पत्ते चबाएं, सोने से 4 घंटे पहले भोजन का त्याग करें।
उन्होंने कहा कि तीन सफेद जहर है मैंदा, नमक और शक्कर। इसकी बजाय मोटा आटा, सेंधा या काला नमक और गुड या देसी शक्कर का उपयोग करें। तीन लाल जहर है – चाय, कॉफी, कोल्ड ड्रिंक और तीन लिक्विड जहर है – रिफाइंड तेल, वनस्पति घी और शराब इनका त्याग कर शुद्ध देशी चीजों का सेवन करें।

 

इससे पूर्व संत ललितप्रभ सागर जी और मुनि शांतिप्रिय सागर के रणकपुर मार्बल पहुंचने पर संघ समाज द्वारा स्वागत अभिनंदन किया गया। सुरेश राठौड़ ने बताया कि संत प्रवर भीलवाड़ा, ब्यावर होते हुए जनवरी के प्रथम सप्ताह में जोधपुर के संबोधि धाम में मंगल प्रवेश करेंगे। कार्यक्रम में भाग लेने के लिए चित्तौड़गढ़ से अनेक श्रद्धालु जोधपुर जाएंगे।

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